गाजियाबाद शमशान घाट हादसे में मरने वालों लोगों के परिजनों को 10-10 लाख रुपए और नौकरी की घोषणा

रविवार को हुए गाजियाबाद शमशान घाट हादसे के बाद पीड़ित परिवार के लोगों ने सोमवार की सुबह दिल्ली-मेरठ नेशनल हाईवे को जाम कर दिया था। इस दौरान काफी किलोमीटर लम्बी वाहनों की लाइन दिल्ली-मेरठ नेशनल हाईवे पर लग गई थी। पीड़ित परिवार के लोग की मांग थी कि, उनको मुआवजे के रूप में 20-20 लाख रुपए की आर्थिक सहायता दी जाए और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्यवाई की जाएं।

हादसे में मरने वाले लोगों के परिवार ने अपनी इस मांग को लेकर दिल्ली-मेरठ नेशनल हाईवे को जाम कर दिया। सूचना मिलने पर गाजियाबाद के काफी अधिकारी मृतक आश्रित परिवार से मिलने पहुंचे और उनसे बातचीत की है। इस दौरान गाजियाबाद के डीएम, एसएसपी, मंडलायुक्त और आईजी समेत काफी अधिकारी पहुंचे है। अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर बड़ी घोषणा की है।

अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर परिवार को आश्वासन दिया है कि, मरने वाले लोगों के परिवार को 10-10 लाख रुपए का मुआवजा दिया जाएगा। इसके अलावा सभी मरने वाले लोगों के परिवार में से एक एक सदस्य को नौकरी दी जाएगी। पुलिस ने लिखित शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच भी शुरू कर दी।

इस पर एसएसपी कलानिधि नैथानी का कहना है कि शिकायत के आधार पर मुरादनगर नगर पालिका की अधिशासी अधिकारी निहारिका सिंह चौहान, ठेकेदार अजय त्यागी, सुपरवाइजर आशीष और सहायक अभियंता चंद्रपाल के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया हैं। पुलिस ने इनको गिरफ्तार किया गया है।