September 26, 2021

MotherlandPost

Truth Always Wins!

‘अगर काम किये होते तो अब्बा-अब्बा चिल्लाना नहीं होता’, योगी के बयान पर बरसे असदुद्दीन ओवैसी

AIMIM के अध्यक्ष और हैदराबाद से लोकसभा सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की टिप्पणी पर ऐतराज़ जताया है।

बता दें कि बीते दिन यूपी के मुख्यमंत्री ने एक जनसभा को संबोधित करते हुए राज्य में पहले की सरकारों पर तुष्टीकरण का आरोप लगाया था। उन्होंने अपने भाषण में कहा था, “क्या 2017 के पहले राशन मिलता था? तब तो अब्बाजान करने वाले राशन हज़म कर जाते थे। तब कुशीनगर का राशन बांग्लादेश पहुँच जाता था, नेपाल पहुँच जाता था।”

योगी के इस बयान पर अपनी प्रतिक्रिया में ट्वीट करते हुए ओवैसी ने कहा, “कैसा तुष्टीकरण? प्रदेश के मुसलमानों की साक्षरता-दर सबसे कम है। मुस्लिम बच्चे बीच में ही पढ़ाई छोड़ने में सबसे आगे हैं। मुस्लिम इलाक़ों में स्कूल-कॉलेज नहीं खोले जाते। अल्पसंख्यकों के विकास के लिए केंद्र सरकार से बाबा की सरकार को 16207 लाख मिले थे, बाबा ने सिर्फ़  ₹1602 लाख ख़र्च किया।”

अपने दूसरे ट्वीट में ओवैसी ने लिखा, “2017-18 में प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना के तहत मात्र 10 मुसलमानों को घर मिले। अब्बा के बहाने किसके वोटों का तुष्टीकरण हो रहा है बाबा? देश के 9 लाख बच्चे गंभीर तौर पर कुपोषित हैं, जिनमें से चार लाख बच्चे सिर्फ़ यूपी से हैं।”

AIMIM नेता ने आगे कहा, ”ग्रामीण उत्तर प्रदेश में 13944 सब-सेंटर्स की कमी है, 2936 पीएचसी की कमी है, 53 फ़ीसद सीएचसी की कमी है। केंद्र सरकार के मुताबिक़ बाबा-राज में यूपी के पीएचसी में सबसे कम डॉक्टर मौजूद हैं। कुल 2277 डॉक्टरों की कमी है। अगर काम किए होते तो अब्बा, अब्बा चिल्लाना नहीं पड़ता।”

Translate »