September 26, 2021

MotherlandPost

Truth Always Wins!

संसद चलाने के मुद्दे पर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने बुलाई बैठक, सोनिया गांधी भी हुईं शामिल

संसद में लगातार हंगामे के कारण बुधवार को लोकसभा की कार्यवाही अनिश्चितकाल तक के लिए स्थगित कर दी गई। इसी मुद्दे को लेकर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला ने सत्ता पक्ष और विपक्ष के नेताओं की बैठक बुलाई।

Credit Times of India

लोकसभा अध्यक्ष ओमबिड़ला के कक्ष में हुई इस बैठक का प्रमुख उद्देश्य संसद चलाने के मुद्दे पर एक राय बनाना था। इस बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह के साथ साथ कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी और लोकसभा में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी भी शामिल हुए।

कांग्रेस समेत कई विपक्ष के नेता शामिल हुए

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला द्वारा बुलाई गई इस बैठक में तृणमूल कांग्रेस के सुदीप बंदोपाध्याय, द्रमुक के TR बालू, अकाली दल के सुखबीर सिंह बादल, YSRCP के मिथुन रेड्डी, बीजू जनता दल के पिनाकी मिश्रा और JDU के राजीव रंजन सिंह लल्लन, BSP के रितेश पांडेय और तेलंगाना राष्ट्र समिति के नामा नागेश्वर राव भी शामिल हुए।
लोकसभा अध्यक्ष बिड़ला ने सभी दलों के नेताओं से अनुरोध किया कि भविष्य में सदन में चर्चा और संवाद को प्रोत्साहित किया जाए क्योंकि चर्चा और संवाद से ही जनता का कल्याण होगा। उन्होंने कहा कि जिस ढंग से कुछ सांसदों ने व्यवहार किया, वह ठीक नहीं था। संसद की मर्यादा बनी रहनी चाहिए और इस बारे में सभी पार्टियों को सोचना चाहिए।

17 बैठकों में 21 घंटे 14 मिनट हुआ कामकाज

मीडिया से बातचीत में लोकसभा अध्यक्ष ने बताया कि 17वीं लोकसभा की छठी बैठक 19 जुलाई 2021 को शुरू हुई और इस दौरान 17 बैठकों में 21 घंटे 14 मिनट ही कामकाज हो पाया। उन्होंने बताया कि हंगामे के कारण 96 घंटे में से करीब 74 घंटे कामकाज नहीं हो सका।

बिल के सवाल पर अध्यक्ष बिरला ने बताया कि कुल 20 बिल पास हुए। इस दौरान OBC से संबंधित संविधान (127वां संशोधन) विधेयक सहित कुल 20 विधेयक पारित किए गए और चार नए सदस्यों ने शपथ ली।

बता दें संसद का मानसून सत्र 19 जुलाई से 13 अगस्त तक चलेगा। सेशन के दौरान पेगासस जासूसी मामला और केंद्र के तीन नए कृषि कानूनों और दूसरे मुद्दों पर कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस समेत विपक्षी दलों के सदस्यों के शोर-शराबे के कारण कामकाज बाधित रहा। हालांकि, सरकार ने हंगामे के बीच ही कई विधेयकों को पारित कराया।

Translate »