Wednesday, August 3, 2022

MOTHER LAND POST

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1965 के बाद सबसे निचले स्तर पर पहुंचा यमुना का पानी, आज दिल्ली के कई हिस्सों में आपूर्ति हो सकती है बाधित

by Disha
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दिल्ली जल बोर्ड (डीजेबी) के अनुसार, हरियाणा में यमुना नदी और दो नहरों में कम पानी छोड़ने के कारण गुरुवार (30 जून) को दिल्ली के कई हिस्सों में पानी की आपूर्ति बाधित हो जाएगी।

 

 

ग़ौरतलब है कि वज़ीराबाद तालाब का जल स्तर 666.8 फीट पर आ गया है, जो 1965 के बाद से सबसे कम है। वहीं हरियाणा से कैरियर लाइन्ड कैनाल (CLC) और दिल्ली सब ब्रांच (DSB) के माध्यम से भी कम पानी की सप्लाई हो रही है।

यूटिलिटी के बयान में कहा गया है कि, “वज़ीराबाद और चंद्रवाल डब्ल्यूटीपी पर परिचालन प्रभावित हुआ है। स्थिति में सुधार होने तक जलापूर्ति प्रभावित रहेगी।” फ़िलहाल चंद्रावल और वज़ीराबाद की में पानी की क्षमता क्रमश: 90 एमजीडी और 135 एमजीडी है।

डीजेबी ने कहा कि दिल्ली छावनी और नई दिल्ली नगर परिषद क्षेत्रों सहित पूर्वोत्तर दिल्ली, पश्चिमी दिल्ली, उत्तरी दिल्ली, मध्य दिल्ली और दक्षिणी दिल्ली में लो प्रेशर में पानी उपलब्ध होगा।

अधिकारियों के मुताबिक़, इस साल की शुरुआत में डीजेबी की जलापूर्ति क्षमता बढ़कर 990 एमजीडी हो गई, लेकिन हरियाणा से नदी में कम पानी छोड़े जाने के कारण उपयोगिता एक महीने से ज़्यादा समय तक उस स्तर तक नहीं पहुंच पाई जिसकी उम्मीद थी।

मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने इस महीने की शुरुआत में मानवीय आधार पर हरियाणा से यमुना में अतिरिक्त पानी छोड़ने का अनुरोध किया था।

बता दें कि दिल्ली को लगभग 1,380 MGD पानी की आवश्यकता होती है, जबकि DJB लगभग 990 MGD की आपूर्ति करता है।

हरियाणा दो नहरों, सीएलसी (368 एमजीडी) और डीएसबी (177), साथ ही साथ यमुना (65 एमजीडी) के ज़रिए दिल्ली को प्रतिदिन 610 मिलियन गैलन पानी मुहैया कराता है।

इसके अलावा, दिल्ली को उत्तर प्रदेश से 253 एमजीडी प्राप्त होता है जो ऊपरी गंगा नहर के माध्यम से और बाक़ी शहर भर में स्थापित रैनी कुओं और ट्यूबवेलों से लिया जाता है।

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