October 24, 2021

MotherlandPost

Truth Always Wins!

क्या फ़ेसबुक लोगों में भर रहा है नफ़रत? मार्क ज़ुकरबर्ग ने आरोपों के जवाब में क्या कहा?

फ़ेसबुक के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) मार्क जुकरबर्ग ने सोशल नेटवर्क के उन आरोपों को खारिज कर दिया है जिसमें ये कहा गया था कि फ़ेसबुक यूज़र्स की सुरक्षा से ऊपर अपना मुनाफ़ा देखता है।

 

 

जुकरबर्ग का ये बयान मंगलवार को कंपनी के पूर्व उत्पाद प्रबंधक फ्रांसेस हौगेन द्वारा कांग्रेस की गवाही के बाद आया है जिसमें उन्होंने कहा था कि फ़ेसबुक इस बात से पूरी तरह वाकिफ़ था कि उसके प्लेटफ़ॉर्म के ज़रिए युवाओं के मानसिक स्वास्थ्य पर बुरा प्रभाव पड़ रहा है लेकिन ये जानते हुए भी उसने इस समस्या के समाधान के लिए कोई क़दम उठाया जिससे “नफ़रत और बँटवारे” को बढ़ावा देने वाली सामग्री हटाई जाए।

इस बाबत जुकरबर्ग ने फ़ेसबुक पर लिखा, “इन आरोपों के मूल में यह विचार है कि हम सुरक्षा और वेल बीइंग पर मुनाफ़े को प्राथमिकता देते हैं। यह बिल्कुल सच नहीं है।”

जुकरबर्ग ने आगे लिखा कि, फ़ेसबुक “सुरक्षा, वेल बीइंग और मानसिक स्वास्थ्य जैसे मुद्दों के बारे में बहुत परवाह करता है।” जुकरबर्ग ने बुधवार को कहा कि कई आरोपों का कोई मतलब नहीं है। उन्होंने कहा कि अगर फ़ेसबुक हानिकारक सामग्री को नज़रअंदाज़ करना चाहता है, तो उसकी टीम “इन महत्वपूर्ण मुद्दों को समझने के लिए एक इंडस्ट्री लीडिंग रिसर्च प्रोग्राम” नहीं बनाएगी।

बता दें कि फ़ेसबुक के एक पूर्व कर्मचारी ने मंगलवार को आरोप लगाया था कि मार्क जुकरबर्ग ज़्यादा मुनाफ़े के लिए फ़ेसबुक के ज़रिए बच्चों को नुक़सान पहुंचाते हैं।

 

नफ़रत फैला रहा है फ़ेसबुक?

सीएनएन की रिपोर्ट के मुताबिक़, “मैं आज यहां हूं क्योंकि मेरा मानना ​​है कि फ़ेसबुक के उत्पाद बच्चों को नुक़सान पहुंचाते हैं, विभाजन को बढ़ावा देते हैं और हमारे लोकतंत्र को कमज़ोर करते हैं।”

37 वर्षीय हाउगेन ने कहा कि फ़ेसबुक के प्रभावी विनियमन को पारदर्शिता के साथ शुरू करने की ज़रूरत है, जिसमें “फ़ेसबुक द्वारा निर्देशित अनुसंधान के लिए डेटा तक पूर्ण पहुंच की अनुमति” शामिल है।

उन्होंने आगे आरोप लगाया, “कंपनी का नेतृत्व फ़ेसबुक और इंस्टाग्राम को सुरक्षित बनाना जानता है, लेकिन फिर भी वो आवश्यक बदलाव नहीं करेगा क्योंकि उन्हें उससे मुनाफ़ा कमाना है। कांग्रेस की कार्रवाई की ज़रूरत है। वे आपकी मदद के बिना इस संकट को हल नहीं करेंगे।”

Translate »