October 24, 2021

MotherlandPost

Truth Always Wins!

म्यांमार में अर्थव्यवस्था का बुरा हाल, सैन्य सरकार ने कहा हम लेंगे ज़िम्मेदारी

म्यांमार में सेना के एक प्रवक्ता ने गुरुवार को कहा कि म्यांमार की चल रही आर्थिक समस्याएं “बाहरी कारकों” और COVID-19 संक्रमण की दो लहरों के कारण आई हैं, लेकिन सैन्य सरकार पूरी ज़िम्मेदारी लेती है और उससे लड़ने के लिए कड़ी मेहनत कर रही है।

 

Reuters

 

सत्तारूढ़ सैन्य परिषद के प्रवक्ता ज़ॉ मिन टुन ने इस सप्ताह कायत मुद्रा के नए निचले स्तर पर पहुंचने के बाद कहा कि केंद्रीय बैंक डॉलर की स्थानीय मांग को पूरा करने में असमर्थ रहा है।

सितंबर की शुरुआत के बाद से म्यांमार की मुद्रा अपने मूल्य का 60 फ़ीसद से अधिक खो चुकी है। इसके अलावा एक 1 फ़रवरी को हुए सैन्य तख़्तापलट के बाद से देश की अर्थव्यवस्था में भोजन और ईंधन की कीमतों में वृद्धि हुई है।

ज़ॉ मिन टुन ने एक नियमित समाचार सम्मेलन में कहा, “सरकार इस स्थिति को यथासंभव बिल्कुल ठीक तरह से हल करने के लिए अपनी पूरी कोशिश कर रही है।”
उन्होंने कहा, “जैसा कि इस सरकार के तहत होता रहा है, वर्तमान सरकार को ज़िम्मेदारी लेनी होगी।”

म्यांमार में उथल-पुथल के कारण सोने की कई दुकानें और मुद्रा विनिमय बंद हो गए हैं, जबकि मंदी का विषय से सोशल मीडिया नेटवर्क पर एक अहम चर्चा का मुद्दा रहा है।

ज़ॉ मिन टुन ने कहा कि बाहरी कारकों के साथ-साथ कोरोनावायरस के कारण अर्थव्यवस्था ख़राब हो गई है। उन्होंने अर्थव्यवस्था के बारे में कहा, “हमारी ज़िम्मेदारी है कि हम इसे फिर से खड़ा करें।”

विश्व बैंक ने सोमवार को भविष्यवाणी की कि इस साल अर्थव्यवस्था 18 फ़ीसद गिर जाएगी और म्यांमार दक्षिण पूर्व एशिया में रोज़गार में सबसे बड़ा संकुचन देखेगा।

Translate »