September 28, 2021

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तालिबान की जीत का जश्न मना रहे भारतीय मुसलमानों को नसीरुद्दीन शाह की नसीहत, कहा- हिंदुस्तानी इस्लाम अलग है

अभिनेता नसीरुद्दीन शाह ने बुधवार को एक वीडियो जारी किया है जिसमें उन्होंने तालिबान का समर्थन करने वाले भारतीय मुस्लिमों पर निशाना साधा है।

वीडियो में उन्होंने हिंदुस्तानी इस्लाम और दुनिया के बाकी हिस्सों के इस्लाम के बीच फर्क बताया है। शाह ने सवाल पूछा है कि तालिबान की पैरवी करने वाले भारतीय मुस्लिम अपने मजहब में सुधार चाहते हैं या पिछली सदियों जैसे वहशीपन के साथ जीना चाहते हैं?
शाह ने कहा, ‘हिंदुस्तानी इस्लाम दुनिया भर के इस्लाम से हमेशा मुख्तलिफ (अलग) रहा है, और खुदा वो वक्त न लाए कि वो इतना बदल जाए कि हम उसे पहचान भी न सकें।’

सियासी मजहब की जरूरत नहीं

मजहब के सवाल पर नसीरुद्दीन शाह ने कहा कि ‘हर भारतीय मुसलमान को खुद से पूछना चाहिए कि उसे अपने मजहब में रिफॉर्म (सुधार), जिद्दत पसंदी (आधुनिकता, नवीनता) चाहिए या वे पिछली सदियों के जैसा वहशीपन चाहते हैं। मैं हिंदुस्तानी मुसलमान हूं और जैसा कि मिर्जा गालिब ने एक अरसा पहले कहा था कि मेरे भगवान के साथ मेरा रिश्ता अनौपचारिक है। मुझे सियासी मजहब की जरूरत नहीं है।’

तालिबान की जीत पर जश्न मनाना खतरनाक

उर्दू में रिकॉर्ड किए गए इस वीडियो क्लिप में शाह ने कहा है कि अफगानिस्तान में तालिबान की सत्ता में वापसी पूरी दुनिया के लिए चिंता का विषय है लेकिन भारतीय मुसलमानों के एक तबके का इस बर्बरता को लेकर जश्न मानना भी कम खतरनाक नहीं है।

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