नोएडा और ग्रेटर नोएडा में आजकल वायु प्रदूषण काफी तेजी से फैल रहा है जिसको रोकने के लिए गुरूवार को प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने क्रमिक प्रतिक्रिया कार्य योजना जीआरएपी (GRAP) लागू कर दिया है।

नोएडा और ग्रेटर नोएडा में प्रदूषण को रोकने के लिए प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की जीआरएपी योजना लागू, इन पर लगी सख़्त पाबंदी
नोएडा और ग्रेटर नोएडा में प्रदूषण को रोकने के लिए प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की जीआरएपी योजना लागू, इन पर लगी सख़्त पाबंदी [सांकेतिक चित्र]
गौतमबुद्ध नगर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी प्रवीण कुमार ने बताया कि गुरूवार को नोएडा और ग्रेटर नोएडा समेत पूरे एनसीआर में डीजल जनरेटर चलाने पर पाबंदी लगा दी है। सिर्फ अस्पतालों में ही जरनेटर का इस्तेमाल किया जा सकता है। किसी भी सोसायटी और उद्योगों के लिए डीजल जरनेटर चलाने की अनुमति नहीं है। किसी विशेष परिस्थिति के लिए अनुमति लेनी होगी।

प्रवीण कुमार ने बताया कि उद्योग और ढाबों पर कोयले का प्रयोग नहीं किया जा सकता है। ढाबे के तंदूर पर भी रोक लगाई गई है। इस दौरान कूड़ा जलाने, फेंकने और धूल उड़ाने पर भी रोक लगाई गई है। नोएडा और ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण और अलग-अलग विभाग की टीमें लगातार जगह-जगह जाकर निरीक्षण कर रही है। अगर कहीं पर नियमों का उल्लंघन मिला तो सख्त कार्रवाई की जाएगी। आपकों बता दें कि गुरूवार को ग्रेटर नोएडा मे एक्यूआई 357 और नोएडा में एक्यूआई 321 रहा है जो काफी गंभीर बात है।