गौतम बुद्ध नगर में 32 दिनों पहले एक तीन वर्षीय बच्चा लापता हो गया था। पुलिस ने आज बच्चे को बरामद करके सनसनीखेज़ ख़ुलासा किया है। पुलिस ने बताया कि नोएडा के सर्फाबाद गांव में रहने वाले वीरेन्द्र सिंह ने 11 सितंबर 2020 को सेक्टर-49 कोतवाली में सूचना दी थी कि उसका 03 वर्ष का बेटा रोनक घर के बाहर से खेलता हुए गायब हो गया था जिसकी काफी तलाश की लेकिन नहीं मिला था। पुलिस ने इस मामले में शिकायत दर्ज कर बच्चे की जांच शुरू कर दी थी।

रिश्तेदार ने डेढ लाख रुपये के लिए बच्चे का अपहरण किया, नोएडा पुलिस ने 32 दिनों बाद किया सनसनीखेज़ ख़ुलासा
रिश्तेदार ने डेढ लाख रुपये के लिए बच्चे का अपहरण किया, नोएडा पुलिस ने 32 दिनों बाद किया सनसनीखेज़ ख़ुलासा

पुलिस ने जांच के दौरान सनसनीखेज़ ख़ुलासा किया है। पुलिस ने आज रोनक के अपहरण में मामले में वीरेन्द्र के फूफा यतबीर और उसके दोस्त हसमत को बच्चे समेत हल्दौनी मोड से गिरफ्तार किया है। पूछताछ में दोनो ने बताया कि, हसमत के पास कोई पुत्र नही है। वह काफी दिनों से एक बच्चा गोद लेना चाह रहा था। इस सम्बन्ध में उसने अपने साथी यतवीर से कहा कि, वह उसको कही से एक बच्चे को दिलवा दें। इसके लिए वह डेढ लाख रूपये भी खर्च कर देगा। रूपयों के लालच में आकर यतवीर ने अपने भतीजे वीरेन्द्र के बेटे रोनक के अपहरण की साजिश रची। इसके चलते दिनांक 11 सितंबर 2020 की सुबह वह वीरेन्द्र के घर पहुंचा और जब वीरेन्द्र और उसकी पत्नी अपने काम पर चले गए। तब यतवीर ने हसमत को बुलाकर रोनक को उसको सौप दिया।

उसके बाद हसमत उसको लेकर अपने मकान हल्दौनी मोड पहुंचा। जहां उसकी पत्नी शमा मौजूद थी। दोनों पति पत्नी अपह्त रोनक को अपने साथ मोटर साइकिल से लेकर अपने गांव बदायूं ले गये। यतवीर ने वीरेन्द्र के साथ अपह्त रोनक को ढूंढने का नाटक करता रहा था। आरोपी की निशांदेही पर अपह्रित रोनक को आज हसमत के घर गांव दूनपुर थाना फैजगंज बेहटा बदांयू से सकुशल बरामद किया गया है। घटना में इस्तेमाल मोटर साइकिल मोबाइल, फोन आदि बरामद किया गया है। अपह्रित रोनक के अपहरण में शामिल हसमत, उसकी पत्नी शमा को भी गिरफ्तार कर लिया गया है।